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जानें हस्तरेखा से भविष्य… 60

जानें हस्तरेखा से भविष्य… 60 ************ जीवन रेखा के अन्दर से प्रारम्भ होती हुई मस्तिष्क रेखा दर्शाती है अस्थिर स्वभाव ******** कई बार ऐसी मस्तिष्क रेखा भी हाथ में दिखाई देती है जिसका प्रादुर्भाव आयु रेखा के भीतर, निम्न मंगल से होता देखा गया है। ऐसा जातक अस्थिर मस्तिष्क रेखा [...]

नवग्रहों को पहचानें रोचक अंदाज में

नवग्रहों को पहचानें रोचक अंदाज में ****************************** ज्योतिष के अनुसार ग्रह की परिभाषा अलग है। भारतीय ज्योतिष और पौराणिक कथाओं में 9 ग्रह गिने जाते हैं, सूर्य, चंद्रमा, बुध, शुक्र, मंगल, गुरु, शनि, राहु और केतु। सूर्य : सात घो़ड़े खींचते हैं सूर्य रथ को। यह सभी ग्रहों का मुखिया [...]

जानें हस्तरेखा से भविष्य… 59

जानें हस्तरेखा से भविष्य… 59 ************ जीवन रेखा से अलग उठाव लिये हुए मस्तिष्क रेखा (स्वतंत्र चिन्तन) ********** कई हाथों में मस्तिष्क रेखा जीवन रेखा से कुछ हटकर अलग से प्रारम्भ होती है ये दूसरों के विचारों से प्रभावित नहीं होते हैं अपितु पूर्ण साहस एवं आत्मविश्वास के साथ अपने [...]

जानें हस्तरेखा से भविष्य… 58

जानें हस्तरेखा से भविष्य… 58 ************ जीवन रेखा से निकलकर ऊपर उठती हुई मस्तिष्क रेखा (कठोर व रूखा व्यवहार) ******** यदि मस्तिष्क रेखा इतनी ऊपर उठ जाये कि त्रिकोण की यह भुजा समकोण से बड़ी होकर ऊपर उठती हुई दिखाई दे तो ऐसा जातक दिखने में कठोर दिखाई देगा ऐसे [...]

जानें हस्तरेखा से भविष्य… 57

जानें हस्तरेखा से भविष्य… 57 ************ जीवन रेखा से हटकर प्रारंभ हुई मस्तिष्क रेखा बताती है देरी से होगा मानसिक विकास ********* कई बार मस्तिष्क रेखा जीवन रेखा से कुछ हटकर प्रारंभ होती है तो इस प्रकार के जातक का मानसिक विकास व स्वतंत्र अस्तित्व आयु के उस खण्ड से [...]

क्या है नवांश कुण्डली का महत्व और प्रभाव

क्या है नवांश कुण्डली का महत्व और प्रभाव *********** वैदिक ज्योतिष में नवमांश कुण्डली को कुण्डली का पूरक माना गया है। यह एक अत्यंत महत्त्वपूर्ण कुण्डली मानी जाती है क्योंकि इसे लग्न कुण्डली के बाद सबसे महत्वपूर्ण माना गया है। जहां लग्न कुण्डली देह को दर्शाती है वहीं नवमांश कुण्डली [...]