Search for:

वैशाख पूर्णिमा यानी पीपल पूनम आज

वैशाख पूर्णिमा यानी पीपल पूनम आज
****************************
पीपल पूर्णिमा को बुद्ध पूर्णिमा भी कहा जाता है
======================
इस वर्ष पीपल पूर्णिमा (वैशाख पूर्णिमा) 1 मई शुक्रवार को मनाई जाएगी। इस दिन पीपल के वृक्ष की पूजा, परिक्रमा और दान का विशेष महत्व होता है। वैशाख पूर्णिमा को बुद्ध पूर्णिमा भी कहा जाता है, जो भगवान विष्णु और गौतम बुद्ध को समर्पित है।
पीपल पूर्णिमा की तिथि : 1 मई 2026
• पूर्णिमा तिथि प्रारंभ: 30 अप्रैल 2026 को रात 09:12 बजे
• पूर्णिमा तिथि समाप्त: 1 मई 2026 को रात 10:52 बजे
• स्नान-दान मुहूर्त: 1 मई की सुबह 04:15 बजे से 04:58 बजे तक
• पूजा विधि: पीपल के पेड़ में जल अर्पित करें, कलावा बांधें, दीप जलाएं और 7 या 108 बार परिक्रमा करें।
महत्व : मान्यता है कि वैशाख पूर्णिमा के दिन पीपल के वृक्ष में स्वयं भगवान विष्णु का वास होता है। इस दिन पूजा करने से सुख-समृद्धि आती है और पापों का नाश होता है।
मई माह में पड़ने वाली पूर्णिमा तिथि बहुत खास मानी जाती है. इस पूर्णिमा तिथि को वैशाख माह की पूर्णिमा कहते हैं।
हिंदू धर्म में हर पूर्णिमा तिथि का खास महत्व होता है. यह हिंदू नव वर्ष की यह दूसरी पूर्णिमा होती है. इस दिन व्रत, दान पुण्य करने से शुभ फल की प्राप्ति होती है.
पूर्णिमा के दिन भगवान सत्यनारायण की आराधना की जाती है और उनके लिए इस दिन व्रत भी किया जाता है।
वैशाख पूर्णिमा पर स्नान-दान का धार्मिक महत्व
—————————
वैशाख पूर्णिमा के दिन स्नान दान सुबह ब्रह्म मुहूर्त में करना शुभ माना जाता है.
इस दिन गंगा या किसी भी पवित्र नदी में स्नान कर शुभ माना जाता है.
पूर्णिमा के दिन दान पुण्य अवश्य करें, इस दिन किया दान आपको शुभ फल प्रदान करता है.
इस दिन जरुरतमंदों को धन और अन्न का दान करें.
इस दिन विष्णु जी और मां लक्ष्मी की आराधना करने से जीवन में सुख-समृद्धि आती है.
बुद्ध पूर्णिमा 2026
————————–
वैशाख माह की पूर्णिमा तिथि को भगवान बुद्ध की जयंती भी मनाई जाती है. इस दिन को भगवान गौतम बुद्ध के जन्मोत्सव के रूप में भी मनाया जाता है. इस दिन को बुद्ध पूर्णिमा के नाम से भी जानते हैं.
राजेन्द्र गुप्ता,
ज्योतिषी और हस्तरेखाविद

Leave A Comment

All fields marked with an asterisk (*) are required